छाया का कमरा – लक्ष्मी जायसवाल
छाया का कमरा मुंबई से दूर महाराष्ट्र के एक पहाड़ी गाँव में एक वीरान बंगला था—’राजवाड़ी हवेली’। लोग कहते थे, […]
छाया का कमरा मुंबई से दूर महाराष्ट्र के एक पहाड़ी गाँव में एक वीरान बंगला था—’राजवाड़ी हवेली’। लोग कहते थे, […]
आरव, दिल्ली का एक महत्वाकांक्षी लेखक था, जो अपनी अगली किताब के लिए एकांत और सच्ची घटनाओं से प्रेरणा चाहता
छाया की पुकार.. उत्तराखंड के एक छोटे से गाँव “गुंजनपुर” में एक पुराना हवेली खंडहर पड़ी थी। गाँव वाले कहते
साल 2019। रात के 11:45 पर मुंबई से उड़ान भरने वाली Flight 309 में 178 यात्री और 7 क्रू मेंबर
यह कहानी उत्तर प्रदेश के एक छोटे से गाँव की है, जहाँ एक पुरानी हवेली वर्षों से वीरान पड़ी थी।
हर रात 12:30 बजे, उस सुनसान स्टेशन पर एक पुरानी ट्रेन की सीटी सुनाई देती थी। पर हैरानी की बात
मीनाक्षी को पुराने सामान इकट्ठा करने का शौक था। एक दिन उसे एक एंटीक दुकान से बहुत सुंदर आइना मिला।
डाउ हिल एक छोटा-सा पहाड़ी इलाका है जो दार्जिलिंग के पास स्थित है। यह जगह सिर्फ अपने प्राकृतिक सौंदर्य के
साल 2003 में दिल्ली के पश्चिम विहार इलाके में एक परिवार रहता था – मिश्रा परिवार। परिवार में माता-पिता और
नरक की खिड़की —लक्ष्मी जायसवाल सन् 2014, मुंबई के मलाड इलाके में एक पुरानी इमारत थी — राजवाड़ी अपार्टमेंट। इस